
-कृष्ण बलदेव हाडा-
कोटा। राजस्थान के कोटा में पर्यटकों के आकर्षण के लिए किशोर सागर में बोट विद् रेस्टोरेंट एवं वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां शुरू होंगी। प्रत्येक रविवार को कोटा दर्शन के लिये विशेष पर्यटक बस संचालित की जायेगी। जिला कलक्टर ओपी बुनकर की अध्यक्षता में पर्यटन सलाहकार समिति की बैठक में यह निर्णय लिए गए। कलक्टर ने कहा कि कोटा में पुरामहत्व के स्थलों एवं आधुनिक विकास कार्यों में तैयार किए गए विभिन्न स्थलों में पर्यटन विकास की विपुल सम्भावनाएं हैं। सभी विभाग आपसी समन्वय से इस प्रकार कार्य करें कि पर्यटक सुविधाओं का विस्तार होने के साथ देशी-विदेशी पर्यटकों को आकर्षित किया जा सके।
वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां आकर्षण का केन्द्र होंगी
श्री बुनकर ने कहा कि एतिहासिक स्थलों, धार्मिक स्थलों एवं इको-टूरिज्म के लिए चिन्हित स्थानों पर पर्यटकों की मूलभूत सुविधाओं का विकास एवं आसान पहुंच के लिए सभी विभाग समन्वय से कार्य करें। उन्होंने कहा कि किशोर सागर में देशी-विदेशी पर्यटकों एवं देशभर से आने वाले कोचिंग विद्यार्थियों के लिए वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां आकर्षण का केन्द्र होंगी। दीपावली से पूर्व नगर विकास न्यास निविदा संबंधी सभी प्रक्रिया पूरी कर वाटर स्कूटर एवं अन्य स्पॉर्ट्स गतिविधियां तथा बोट विद् रेस्टोरेंट संचालन को पूरा कराएं।
पर्यटकों के लिए सुविधाएं विकसित की जाए
जिला कलक्टर ने कहा कि कोटा में इको-टूरिज्म के क्षेत्र में चम्बल एवं सहायक नदियों तथा मुकुन्दरा अभयारण्य में देशी-विदेशी पर्यटकों के लिए सुविधाएं विकसित की जाकर उनका प्रचार-प्रसार किया जाए जिससे बाहर से पर्यटक आ सकें। उन्होंने जिले के मेलों, त्यौहारों के अवसर पर देशी-विदेशी पर्यटकों को बुलाने के लिए पर्यटन विभाग को प्लान बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के पर्यटन को उद्योग का दर्जा देने के बाद होटल व्यवसाय से जुड़े लोगों को विद्युत राशि जमा करने में देय छूट का लाभ सभी पात्र लोगों को दिया जाए। उन्होंने पुरातत्व विभाग के अधीन ऐतिहासिक स्मारकों की रख-रखाव एवं सुरक्षा के लिए भी व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने वन विभाग को गरड़िया महादेव जाने वाले पर्यटकों, चम्बल में बोट से भ्रमण करने वाले पर्यटकों को सुविधाओं का विकास करने एवं अनावश्यक चार्ज नहीं लेने का निर्देश दिए।अतिरिक्त कलक्टर (शहर) बृजमोहन बैरवा ने देश भर से आने वाले विद्यार्थियों एवं अभिभावकों के लिए पर्यटक स्थलों की जानकारी देने साहित्य तैयार करने, प्रत्येक रविवार को कोटा दर्शन के रूप में सभी पर्यटक स्थलों को जोड़ते हुए बस संचालन करने का सुझाव दिया।
रंगपुर स्थित चम्बल घाट को रिवर फ्रंट की तरह विकसित करने का प्रस्ताव
उपनिदेशक पर्यटन विकास पंड्या ने एंजेडावार पर्यटन विकास की आवश्यकताओं के बारे विस्तार से जानकारी देकर बताया कि रंगपुर स्थित चम्बल घाट को रिवर फ्रंट की तरह विकसित करने के लिए भारत सरकार को प्रस्ताव भिजवाया गया है। मुकुन्दरा में इन्टरप्रिटेशन सेन्टर खोलने के लिए भी प्रस्ताव तैयार कर भिजवाया गया है। इन्टेक के जिला समन्वय निखलेश सेठी ने कोटा शहर के चम्बल गार्डन के पास स्थित हाथी व घोड़े की प्राचीन प्रतिमाओं, घोड़े वाला सर्किल की प्रतिमा व माला रोड़ वाच टावर के रखरखाव व सुरक्षा के प्रस्ताव तैयार करने का सुझाव दिया। पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए प्रतिवर्ष कोटा फेस्टिवल का विस्तृत प्लान तैयार किया जायेगा। दशहरा मेला में इस वर्ष देश के सांस्कृतिक केन्द्रों से समन्वय कर कलाकारों से प्रस्तुति दिलाई जायेगी। मुकुन्दरा में पर्यटकों के लिए एक अक्टूबर से टाईगर सफारी शुरू की जायेगी। फरवरी माह में चम्बल बायो-डायवर्सिटी एवं पुष्प प्रदर्शनी का आयोजन होगा। चम्बल नदी में क्रूज संचालन, किशोर सागर में बोट विद रेस्टोरेंट एवं वाटर स्पोर्टस गतिविधियां शुरू होंगी। प्रत्येक रविवार को शहर के प्रमुख पर्यटक स्थलों को जोड़ते हुए पर्यटन विशेष बस का संचालन पर्यटन विभाग द्वारा किया जायेगा। रेलवे स्टेशन पर कोटा नगर विकास न्यास के प्रमुख पर्यटक स्थलों के फ्लैक्स लाईटिंग व जानकारी के साथ प्रदर्शित करेगा। चम्बल के रंगपुर घाट के पास स्थित सार्वजनिक निर्माण विभाग के पुराने रेस्ट हाउस का जीर्णोद्धार व सौंदर्यकरण कराया जायेगा। इस अवसर पर पर्यटन अधिकारी संदीप श्रीवास्तव, सहायक उपवन संरक्षक आरएस भंडारी, उपवन संरक्षक सुरेन्द्र धाकड़, अधीक्षक गार्डन रामराज दुलारिया, कोटा नगर विकास न्यास केअधिशाषी अभियंता एनके सिंघल, ज्योति वर्मा, केईडीएल के प्रतिनिधि आशुतोष सिंह, एडीईओ राजेश मीणा सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

















