
-कृष्ण बलदेव हाडा-
कोटा। राजस्थान के कोटा में आज एक और कोचिंग छात्र ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। आत्महत्या के प्रयास की पिछले दो दिनों में यह दूसरी वारदात है। इसके पहले रविवार को भी एक छात्र हॉस्टल की पाचंवी मंजिल से कूद गया था।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि कोटा के कुन्हाड़ी इलाके के लैंड मार्क सिटी के एक हॉस्टल में रहकर पिछले करीब एक साल से नीट में चयन के लिए कोचिंग ले रहे एक छात्र रणजीत ने आज सुबह किसी समय अपने गले में फांसी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
सूत्रों ने बताया कि मूल रूप से उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में रहने वाले इस छात्र ने दो दिन पहले ही फोन पर अपने घरवालों से बातचीत की थी तो घर वालों को यह लगा था कि वह किसी मानसिक परेशानी से जूझ रहा है तो चिंता में सताए उसके परिवारजन आज दोपहर ही प्रयागराज से चलकर कोटा पहुंचे थे। कोटा के हॉस्टल में उन्हें छात्र रणजीत के कमरे का दरवाजा अंदर से लॉक मिला। बार-बार खटखटाने पर भी जब दरवाजा नही खोला तो दरवाजा तोड़ कर वे भीतर पहुंचे जहां छात्र कमरे की छत से फंदे से लटका हुआ मिला।
पुलिस के अनुसार कोटा आने से कोटा आने से पहले इस छात्र ने कानपुर में भी नीट की तैयारी की थी लेकिन उसका चयन नहीं हो पाया था। इसके बाद वह पिछले एक साल से कोटा में रहकर कोचिंग ले रहा था। पुलिस को छात्र के कमरे से एक पत्र भी मिला है जिसमें उसने कहा है कि-” मैं विष्णु का अंश हूं और भगवान से मिलने जा रहा हूं।” ऐसी ही आध्यात्मिक बातें पत्र में लिखी गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
इसके पहले रविवार की दोपहर भी कोचिंग सिटी कहे जाने वाले कोटा के इंद्रप्रस्थ औद्योगिक क्षेत्र के रोड़ नंबर चार पर एक हॉस्टल की चौथी मंजिल से महाराष्ट्र का मूल रूप से निवासी छात्र कूद गया था जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया है और उसका अभी एक निजी अस्पताल में इलाज करवाया जा रहा है। उसकी हालत नाजुक बताई जाती है और उसे वेंटिलेटर पर रखा है।

















