आसान हो मुझे अपने भीतर झांकना।

-प्रकाश केवडे-

prakash kevde
प्रकाश केवडे

दर्जी

मेरी हिदायत सुनना
अब की बार कमीज
सिलते वक्त आस्तीन

अबके खुली रखना
बंद आस्तीन वाले
कपडे भले लगते हैं
पर उनके भीतर
तो सांप पलते हैं।

कमीज की गिरेबां
और बडी रखना
जब जरूरत हो तो
आसान हो मुझे
अपने भीतर झांकना।

रचियता प्रकाश केवडे

Advertisement
Subscribe
Notify of
guest

0 Comments
Oldest
Newest Most Voted