वक्त

aknew
फोटो साभार अखिलेश कुमार

-प्रकाश केवडे-

prakash kevde
प्रकाश केवडे

गुजरे हुए वक्त
से बेहतर कोई
वक्त ना था।
अफसोस हमें
वक्त रहते उस
वक्त का इल्म ना था।
वक्त वक्त की
बात है जो
वक्त को समझ
नहीं सका
उम्र भर फिर
उसका वक्त
कभी ना आ सका।
वक्त की अहमियत
वक्त रहते जान लो
वक्त गुजरने से
पहले वक्त को
पहचान लो।

रचियता प्रकाश केवडे

Advertisement
Subscribe
Notify of
guest

1 Comment
Oldest
Newest Most Voted
श्रीराम पाण्डेय कोटा
श्रीराम पाण्डेय कोटा
3 years ago

बीता वक्त इतिहास बन‌ जाता है, जो मुट्ठी में है उसकी कीमत पहचानो, प्रकाश जी का कथन अनुकरणीय है